आजकल आप जिस भी गली-मोहल्ले से गुजरें, आपको एक न एक “Computer Institute” जरूर मिल जाएगा। बाहर एक बड़ा सा बोर्ड लगा होगा—“100% जॉब की गारंटी,” “सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त,” “फ्री वाई-फाई।”
और आप कन्फ्यूज हो जाते हैं। दोस्त कह रहा है “CCC कर ले, सरकारी नौकरी में काम आएगा।” चाचा जी कह रहे हैं “Tally सीख ले, किसी दुकान पर मुनीम बन जाएगा।” यूट्यूब कह रहा है “Python सीखो, लाखों कमाओगे।”
आखिर सच क्या है? 2026 में कौन सा कोर्स करना सही है और कौन सा सिर्फ पैसे की बर्बादी है?
देखिये, कड़वा सच यह है कि “Best Course” जैसा कुछ नहीं होता। बेस्ट वो है जो आपकी ज़रूरत (Goal) के हिसाब से हो। अगर आपको सरकारी नौकरी चाहिए तो ‘वेब डिजाइनिंग’ बेकार है। और अगर आपको प्राइवेट कंपनी में जाना है तो ‘CCC’ का सर्टिफिकेट रद्दी कागज है।
यहाँ मैं आपको किसी इंस्टिट्यूट के ब्रोशर वाली भाषा नहीं, बल्कि बड़े भाई वाली सलाह दूंगा। अपनी स्थिति (Situation) के हिसाब से अपना कोर्स चुनें।

1. अगर सरकारी नौकरी ही लक्ष्य है
अगर आप उत्तर प्रदेश, बिहार या राजस्थान जैसे राज्यों से हैं और आपका एकमात्र लक्ष्य सरकारी नौकरी पाना है, तो आपको हाई-फाई कोडिंग सीखने की ज़रूरत नहीं है। आपको वो चाहिए जो सरकार मांगती है।
- CCC (Course on Computer Concepts):
- क्यों करें: यूपी में समीक्षा अधिकारी (RO/ARO), लिपिक (Clerk) और कई अन्य भर्तियों में यह अनिवार्य (Mandatory) है। इसके बिना आप फॉर्म ही नहीं भर सकते।
- कैसे करें: किसी महंगे सेंटर जाने की ज़रूरत नहीं है। NIELIT की वेबसाइट पर सीधा फॉर्म भरें (500-600 रुपये लगेंगे), YouTube से 10 दिन पढ़ाई करें और एग्जाम दे आएं। सेंटर वाले आपसे इसके 3000-4000 रुपये मांगेंगे, मत देना।
- O-Level:
- क्यों करें: अगर आप थोड़ी ऊंची पोस्ट (जैसे कंप्यूटर ऑपरेटर या कुछ स्पेसिफिक टेक्निकल पोस्ट) के लिए देख रहे हैं, तो O-Level मांगते हैं। यह CCC का बड़ा भाई है। इसे पास करना थोड़ा कठिन है, लेकिन इसकी वैल्यू बहुत है।
सावधानी: सरकारी नौकरी के लिए सिर्फ NIELIT (पुराना नाम DOEACC) का सर्टिफिकेट ही हर जगह मान्य होता है। गली के “शर्मा कंप्यूटर सेंटर” का सर्टिफिकेट सरकारी वेरिफिकेशन में रिजेक्ट हो सकता है।
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2. अगर जल्दी नौकरी चाहिए
अगर घर के हालात ऐसे हैं कि आपको 3-4 महीने में नौकरी चाहिए और आप पढ़ाई में ‘एवरेज’ हैं, तो आपको ऑफिस स्किल सीखनी चाहिए। हर छोटी-बड़ी कंपनी को अपना हिसाब-किताब रखने के लिए बंदे चाहिए होते हैं।
- Advanced Excel:
- यह कंप्यूटर जगत का ‘आलू’ है—हर सब्जी में डलता है। अगर आपको Excel में VLOOKUP, Pivot Table, और Macro चलाना आता है, तो आपको किसी भी ऑफिस में 15-20 हज़ार की नौकरी आराम से मिल जाएगी। यह स्किल कभी बेकार नहीं जाती।
- Tally Prime (with GST):
- सिर्फ Tally नहीं, GST के साथ Tally सीखें। आज हर दुकानदार, हर शोरूम, हर छोटे बिज़नेस को GST भरना पड़ता है। अगर आप Tally के एक्सपर्ट बन जाते हैं, तो आप फुल-टाइम जॉब के साथ-साथ पार्ट-टाइम 4-5 दुकानों का हिसाब भी संभाल सकते हैं। यह ‘कमाऊ’ कोर्स है।
3. अगर आप क्रिएटिव हैं
अगर आपको मैथ और डेटा से नफरत है, लेकिन आपको ड्राइंग, वीडियो और कलर्स पसंद हैं, तो बोरिंग कोर्स मत करो। डिजिटल दुनिया में क्रिएटिव लोगों की बहुत डिमांड है।
- Graphic Designing:
- Photoshop, Illustrator, और CorelDraw सीखें। आज हर यूट्यूबर को थंबनेल चाहिए, हर ब्रांड को इंस्टाग्राम पोस्ट चाहिए। यह काम आप फ्रीलांस (Freelance) भी कर सकते हैं।
- Video Editing:
- 2026 में वीडियो राजा है। Premiere Pro या Final Cut Pro सीख लें। वीडियो एडिटर्स की डिमांड इतनी ज्यादा है कि अच्छे एडिटर्स मिल ही नहीं रहे हैं। अगर आप अच्छे हैं, तो मुंहमांगी कीमत मिलेगी।
4. अगर आप टेक में करियर बनाना चाहते हैं
अगर आपको कंप्यूटर में बहुत मन लगता है, आप घंटों स्क्रीन के सामने बैठ सकते हैं और बड़ी सैलरी (50k – 1 Lakh+) का सपना देख रहे हैं, तो आपको प्रोग्रामिंग (Programming) की दुनिया में आना होगा।
- Web Development:
- वेबसाइट बनाना सीखें। शुरुआत HTML, CSS और JavaScript से करें। यह सदाबहार फील्ड है।
- Python:
- यह आजकल सबसे हॉट है। AI (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) और डेटा साइंस में यही भाषा चलती है। यह सीखने में भी आसान है।
चेतावनी: कोडिंग सीखने के लिए गली के इंस्टिट्यूट में मत जाना। वहां के टीचर को खुद कोडिंग नहीं आती होगी। इसके लिए YouTube, Udemy, या अच्छे Bootcamps का सहारा लें।
5. ADCA / DCA दुकान वालों का पसंदीदा कोर्स
अब आते हैं उस कोर्स पर जो हर गांव-शहर में सबसे ज्यादा बिकता है—ADCA (Advance Diploma in Computer Application)।
सेंटर वाले कहेंगे—“बेटा, ये कर लो, इसमें सब कुछ है। एमएस ऑफिस, टैली, फोटोशॉप, हिंदी टाइपिंग… सब सीखा देंगे।”
सच बताऊं? यह ‘खिचड़ी’ कोर्स है। इसमें आपको सब कुछ ‘थोड़ा-थोड़ा’ सिखाया जाता है, लेकिन आप किसी भी चीज़ में एक्सपर्ट नहीं बनते।
- इसका सर्टिफिकेट सिर्फ छोटी प्राइवेट नौकरियों में काम आता है।
- बड़ी MNC कंपनियां (जैसे TCS, Wipro, Google) ADCA के सर्टिफिकेट को रद्दी मानती हैं।
- यह कोर्स तभी करें जब आपको बस कंप्यूटर का “बेसिक ज्ञान” चाहिए हो या गांव/कस्बे में ही कोई छोटी-मोटी नौकरी करनी हो। अगर बड़े शहर में करियर बनाना है, तो स्पेशलाइजेशन (Specialization) ज़रूरी है।
पैसे खर्च करने से पहले खुद से ये 3 सवाल पूछें:
- मेरा मकसद क्या है? (सरकारी नौकरी, तुरंत पैसा, या लंबा करियर?)
- मेरा इंटरेस्ट किसमें है? (हिसाब-किताब में, डिज़ाइन में, या कोडिंग में?)
- बजट कितना है?
मेरी सलाह (My Final Advice):
- अगर कन्फ्यूज हो, तो सबसे पहले टाइपिंग (Hindi + English) और MS Excel सीख लो। यह बेसिक है, इसमें नुकसान नहीं होगा।
- सर्टिफकेट के पीछे मत भागो, स्किल (Hunar) के पीछे भागो। इंटरव्यू में वो आपसे सर्टिफिकेट नहीं मांगेंगे, वो कंप्यूटर पर बैठाकर कहेंगे—“ये काम करके दिखाओ।” अगर काम आता है, तो नौकरी पक्की।